होली गीत


                                          होली गीत 


..होली के दिन .श्री कृष्ण जी अपनी प्राणप्रिये राधे से कहते हैं ...देखो क्या कहते हैं ...



                                                     

देखो होली आई प्रिये 
आओ प्रेम का रंग
 लगाओ प्रिये 
हर बात को भूल के 
रंगों की खुशबू में 
खो जाओ प्रिये 
रंगों के शीतल जल से 
जीवन बगिया को 
 महकायें प्रिये 
उस गुलाबी स्पर्श  का 
कब तक करूं 
इंतजार प्रिये 
अब आ भी जाओ 
कहीं से तुम 
मुस्कान की चूड़ियाँ
खनखाती प्रिये 
मेरे हृदय को फाल्गुन
बनाने प्रिये 
रंगों से भरी गगरी लेकर 
आओ अपने श्याम को 
भिगोने प्रिये 
...............

.


आकांक्षा सक्सेना 
 सुबह १०:३५ 
७ मार्च २०१३ 

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